कहते हैं सकुलेंट ना सिर्फ आकर्षक, खूबसूरत और नाजुक होते हैं, बल्कि ये घर के लिए शुभ भी माने जाते हैं। सिर्फ इनके साथ एक कमी है कि यह पानी की कमी या ओवर वॉटरिंग से मर जाते हैं। इनके पत्ते इतनी जल्दी झड़ने लगते हैं कि इन्हें बचाना मुश्किल हो जाता है। पर इन्हें धूप में रख दिया जाए तो ये फिर से ठीक हो जाते हैं। इन्हें घर में लगाते समय कुछ बातों का ध्यान रखें।
- कुछ सकुलेंट प्लांट्स एअर प्यूरीफायर होते हैं। ये घर में एअर क्वाॅलिटी को अच्छा करते हैं। इन्हें घर में रखें तो घर की आबोहवा अच्छी होती है।
- सकुलेंट रात भर ऑक्सीजन देते हैं। पूरे घर में 3-4 सकुलेंट प्लांट अवश्य लगाएं।
- सकुलेंट चमकीली धूप में अच्छा पनपते हैं। उन्हें कम से कम 6 घंटे बाहर रखने की जरूरत होती है। अगर आप घर के किसी ऐसे कोने में इसे रखना चाहते हैं, जहां हल्की छांव आती है, तो आप मदर इन लॉ टंग जैसे सकुलेंट लगा सकते हैं। यह सूरज की कम रोशनी में भी ठीकठाक ग्रो कर लेते हैं।
- ऑर्बिट सकुलेंट ड्राई क्लाइमेट में ग्रो करता है। यह समर गार्डन के लिए बेस्ट है। बुरोज टेल, जेड, रोजियम, जेबरा प्लांट, सीडियम प्रिकली पर्ल आदि सामान्य पर खूबसूरत सकुलेंट हैं।
- अगर आप सकुलेंट को बालकनी में रख रहे हैं, जहां अच्छी धूप आती हो, तो 3 दिन में एक बार पानी देने से चलेगा। अगर घर के अंदर रख रहे हैं, तो हफ्ते में एक बार पानी देना जरूरी है।
- चाय की पत्ती सकुलेंट प्लांट के लिए बढि़या खाद है। वैसे सिंथेटिक फर्टिलाइजर भी आप डाल सकते हैं। चाय की पत्तियों को उबाल कर ठंडा करें और पत्ती समेत इसे प्लांट में डालें।
- अगर आप सकुलेंट प्लांट को कोकोपीट पर लगा रही हैं, तो इस बात का ध्यान रखें कि कोकोपीट काफी समय तक नमी बनाए रखता है। इसीलिए इसमें पानी काफी कम दें।